सेकड़ा ब्याज

Sekda Byaj Calculator: 2 Rupay Ka Byaj Calculate Karein (Hindi)

जुलाई 09, 2026 • Ariz ...

सैकड़ा ब्याज कैलकुलेटर

मूलधन (₹)
ब्याज दर
समय अवधि
साल
महीने
दिन
ब्याज का तरीका
रकम, दर और समय भरें, नतीजा यहीं दिखेगा।
कुल वापसी रकम
ब्याज मूलधन
कुल ब्याज
मूलधन
महीने का ब्याज
सालाना दर

अलग-अलग सैकड़ा पर तुलना

दरब्याजकुल रकम

समय के साथ हिसाब

अवधिब्याजकुल रकम
ब्याज कुल

किसी से उधार लिया हो या किसी को दिया हो, "दो रुपये सैकड़ा" सुनते ही सबसे पहला सवाल यही आता है कि महीने में असल में कितना ब्याज बनेगा और साल भर बाद कितना लौटाना पड़ेगा। ऊपर दिया कैलकुलेटर यह हिसाब कुछ सेकंड में कर देता है। नीचे हम पूरा तरीका आसान भाषा में, चित्रों और हल किए हुए उदाहरणों के साथ समझा रहे हैं, ताकि अगली बार आप खुद हिसाब जांच सकें।

बही-खाता₹100+₹2 / माह₹2 रुपये सैकड़ा

सैकड़ा ब्याज क्या होता है?

गांव, कस्बे और छोटे व्यापार में लेन-देन अक्सर "दो रुपये सैकड़ा" जैसी भाषा में तय होता है। "सैकड़ा" का मतलब है सौ का समूह। यानी हर 100 रुपये पर हर महीने जितना ब्याज लगे, वही उसका सैकड़ा है। दो रुपये सैकड़ा का मतलब 100 रुपये पर महीने का 2 रुपये ब्याज, यानी 2 प्रतिशत मासिक।

माह 1+₹2माह 2+₹2माह 3+₹2माह 4+₹2माह 5+₹2माह 6+₹2माह 7+₹2माह 8+₹2माह 9+₹2माह 10+₹2माह 11+₹2माह 12+₹212 महीने × ₹2 = ₹24, यानी 24% सालाना

100 रुपये पर हर महीने 2 रुपये, तो साल भर में 24 रुपये

2%हर महीने
24%सालाना
₹2,0001 लाख पर महीना

असली दिक्कत तब आती है जब बैंक सालाना प्रतिशत बोलता है और बाजार मासिक सैकड़ा। विवाद अक्सर दर पर कम और अवधि या ब्याज के तरीके पर ज्यादा होते हैं, इसलिए तुलना हमेशा एक ही पैमाने पर करें।

सैकड़ा और सालाना दर का मिलान

सैकड़ा को सालाना प्रतिशत में बदलना बहुत आसान है: मासिक सैकड़ा को 12 से गुणा कर दें। नीचे की तालिका में सबसे आम दरें देखें।

सैकड़ा (माह)सालाना दर1 लाख पर साल का ब्याज
1 रुपया12%₹12,000
1.5 रुपये18%₹18,000
2 रुपये24%₹24,000
3 रुपये36%₹36,000
5 रुपये60%₹60,000
1 सैकड़ा12%1.5 सैकड़ा18%2 सैकड़ा24%3 सैकड़ा36%5 सैकड़ा60%

जितना बड़ा सैकड़ा, उतनी तेजी से बढ़ती है सालाना दर

दो रुपये सैकड़ा सुनने में छोटा लगता है, पर सालाना 24 प्रतिशत बैठता है, जो अक्सर बैंक के पर्सनल लोन से भी महंगा पड़ता है। उल्टा हिसाब भी उतना ही आसान है: सालाना प्रतिशत को 12 से भाग दें, तो सैकड़ा मिल जाएगा।

सालाना दर18%÷महीने12=मासिक दर1.5 सैकड़ासालाना ÷ 12 = रुपये सैकड़ा

सैकड़ा ब्याज का फॉर्मूला

ब्याज = मूलधन × सैकड़ा ÷ 100 × महीने
कुल रकम = मूलधन + ब्याज
  • मूलधन: जो रकम आपने उधार ली या दी।
  • सैकड़ा: 100 रुपये पर हर महीने का ब्याज, जैसे 2 रुपये सैकड़ा में संख्या 2।
  • महीने: कुल समय, महीनों में। साल हो तो 12 से गुणा करें, दिन हों तो 30 से भाग दें।
रोज का ब्याज: अगर रोज का हिसाब चाहिए तो महीने के ब्याज को 30 से भाग दें। जैसे 1 लाख पर 2 रुपये सैकड़ा में महीने का ब्याज ₹2,000 है, तो रोज का करीब ₹66.67 बनता है।

सैकड़ा ब्याज कैसे निकालें: स्टेप बाय स्टेप

उदाहरण: 30,000 रुपये, 2 रुपये सैकड़ा पर, 1 साल 3 महीने 15 दिन के लिए। चार स्टेप में पूरा हिसाब हो जाएगा।

1
समय को महीनों में बदलेंसाल × 12 + महीने + दिन ÷ 30
1 साल × 1212+3 महीने3+15 दिन ÷ 300.5=कुल अवधि15.5 माहसमय हमेशा महीनों में बदलकर ही गुणा करें
2
एक महीने का ब्याज निकालेंमूलधन × सैकड़ा ÷ 100
मूलधन₹30,000×सैकड़ा2÷हमेशा100=महीने का ब्याज₹600100 रुपये पर 2 रुपये, तो 30,000 पर 600 रुपये हर महीने
3
महीनों से गुणा करेंमासिक ब्याज × कुल महीने = कुल ब्याज
महीने का ब्याज₹600×कुल अवधि15.5 माह=कुल ब्याज₹9,300यही आपका कुल ब्याज है
4
मूलधन में ब्याज जोड़ेंकुल वापसी रकम = मूलधन + कुल ब्याज
मूलधन₹30,000+कुल ब्याज₹9,300=वापसी रकम₹39,300इतना पैसा आखिर में लौटाना होगा

ऊपर वाला कैलकुलेटर यही चारों स्टेप अपने आप कर देता है। रकम, दर और समय भरें, बाकी हिसाब सामने आ जाएगा।

हल किए हुए उदाहरण

दो रुपये सैकड़ा, साधारण ब्याज, अलग-अलग रकम पर:

मूलधनमहीने का ब्याज6 महीने1 साल में कुल
₹10,000₹200₹1,200₹12,400
₹50,000₹1,000₹6,000₹62,000
₹1,00,000₹2,000₹12,000₹1,24,000

20,000 रुपये डेढ़ रुपये सैकड़ा पर 8 महीने के लिए लिए:

महीने का ब्याज20,000 × 1.5 ÷ 100 = ₹300
कुल ब्याज300 × 8 = ₹2,400
वापसी रकम₹22,400

45,000 रुपये तीन रुपये सैकड़ा पर 2 महीने 10 दिन के लिए लिए:

कुल अवधि2 + 10 ÷ 30 = 2.33 महीने
महीने का ब्याज45,000 × 3 ÷ 100 = ₹1,350
कुल ब्याज1,350 × 2.33 = ₹3,150
वापसी रकम₹48,150

1 लाख रुपये, 2 प्रतिशत मासिक, 1 साल, साधारण और चक्रवृद्धि की तुलना:

तरीकाब्याजकुल रकम
साधारण₹24,000₹1,24,000
चक्रवृद्धि (मासिक)₹26,824₹1,26,824

एक साल में फर्क करीब 2,800 रुपये का है और अवधि बढ़ने पर यह तेजी से बढ़ता है।

साधारण बनाम चक्रवृद्धि ब्याज

साधारण ब्याज में ब्याज सिर्फ मूलधन पर लगता है, इसलिए हर महीने एक जैसा रहता है। चक्रवृद्धि ब्याज में हर महीने का ब्याज मूलधन में जुड़ जाता है और अगले महीने उस पर भी ब्याज लगता है, यानी ब्याज पर ब्याज।

चक्रवृद्धि कुल रकम = मूलधन × (1 + सैकड़ा ÷ 100)महीने

1 लाख रुपये, 2 रुपये सैकड़ा, 12 महीने: 1,00,000 × (1.02)12 = ₹1,26,824। अवधि जितनी लंबी होगी, दोनों तरीकों का फर्क उतना ही बड़ा होता जाएगा।

1 साल₹24,000₹26,8242 साल₹48,000₹60,8443 साल₹72,000₹1,03,989साधारण ब्याजचक्रवृद्धि ब्याज (मासिक)

1 लाख रुपये, 2 रुपये सैकड़ा: कुल ब्याज

काम की बात: लेन-देन करते समय पूछें कि ब्याज साधारण है या ब्याज पर ब्याज भी लगेगा। तीन साल में यह फर्क 30,000 रुपये से ज्यादा हो सकता है।

आम गलतियां जो लोग करते हैं

सैकड़ा को सालाना दर समझनादो रुपये सैकड़ा का मतलब 2 प्रतिशत हर महीना है, 2 प्रतिशत सालाना नहीं। सालाना यह 24 प्रतिशत होता है।
साल और महीने मिलाकर गुणा करनासमय को पहले एक ही इकाई यानी महीनों में बदलें, फिर गुणा करें।
दिनों को छोड़ देना10 या 15 दिन छोटे लगते हैं, पर बड़ी रकम पर इनसे हजारों रुपये का फर्क पड़ सकता है।
ब्याज का तरीका तय न करनासाधारण और चक्रवृद्धि का फर्क समय के साथ बहुत बढ़ता है, इसलिए शुरुआत में ही तय कर लें।
बीच में रकम लौटाएं तो: आगे का ब्याज बचे हुए मूलधन पर ही लगना चाहिए। जैसे 1 लाख में से 50,000 लौटा दिए, तो बाकी 50,000 पर 2 रुपये सैकड़ा के हिसाब से महीने का ब्याज ₹1,000 रह जाएगा। यह बात भी कागज पर लिखवा लें।

लेन-देन में क्या करें, क्या न करें

लिखित रसीदमूलधन: ₹ ______दर: ____ सैकड़ाअवधि: ______दर साफ लिखेंअवधि और तरीका तय करेंबैंक या रसीद से भुगतान
जरूर करेंदर, अवधि और तरीका कागज पर लिखवाकर दस्तखत करें। भुगतान बैंक या रसीद से करें। जल्दी चुकाने की शर्त पहले तय करें।
बिल्कुल न करेंसिर्फ जुबानी दर पर भरोसा न करें। बिना रसीद नकद न दें। सैकड़ा और सालाना दर को आपस में न उलझाएं।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

2 रुपये सैकड़ा का मतलब क्या है?

100 रुपये पर हर महीने 2 रुपये ब्याज। सालाना यह 24 प्रतिशत होता है।

1 लाख पर 2 रुपये सैकड़ा में महीने का ब्याज कितना?

₹2,000 प्रति माह, और साल भर में ₹24,000।

सैकड़ा दर को सालाना प्रतिशत में कैसे बदलें?

मासिक सैकड़ा को 12 से गुणा कर दें। जैसे 1.5 सैकड़ा × 12 = 18 प्रतिशत सालाना।

सालाना प्रतिशत को सैकड़ा में कैसे बदलें?

सालाना दर को 12 से भाग दें। जैसे 18 प्रतिशत ÷ 12 = 1.5 रुपये सैकड़ा।

दिनों का ब्याज कैसे निकालें?

दिनों को 30 से भाग देकर महीने में बदल लें, फिर महीने के ब्याज से गुणा करें। जैसे 15 दिन = 0.5 महीना।

1 रुपया सैकड़ा कितने प्रतिशत सालाना होता है?

1 रुपया सैकड़ा यानी 1 प्रतिशत मासिक, जो सालाना 12 प्रतिशत होता है।

साधारण और चक्रवृद्धि में कौन सा महंगा पड़ता है?

चक्रवृद्धि, क्योंकि उसमें जुड़ा हुआ ब्याज भी अगले महीने ब्याज कमाता है।

ध्यान दें: हर राज्य में निजी साहूकारी की अधिकतम दर और लाइसेंस के अपने नियम हैं। ऊंची दर पर लेन-देन से पहले अपने राज्य का नियम देखें या वकील से सलाह लें। यह लेख सामान्य जानकारी है, कानूनी या वित्तीय सलाह नहीं।
आशिक पठान

आशिक पठान संस्थापक

नमस्ते! मैं आशिक पठान हूँ, कोटा राजस्थान से। 10+ साल का ब्लॉगिंग अनुभव। इस वेबसाइट का मकसद आसान हिंदी में सेकड़ा ब्याज और लोन कैलकुलेटर उपलब्ध कराना है।

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